Search News
Tip: Search by heading, content, category, city, state, highlights.
- Select Location
- ताज़ा खबर
- राष्ट्रीय (भारत)
- अंतरराष्ट्रीय
- राज्य व क्षेत्रीय
- राजनीति
- सरकार व प्रशासन
- नीति व नियम
- न्यायालय व न्यायपालिका
- कानून व्यवस्था
- अपराध
- साइबर अपराध व डिजिटल सुरक्षा
- रक्षा
- सुरक्षा व आतंकवाद
- अर्थव्यवस्था (मैक्रो)
- व्यापार व कॉरपोरेट
- बैंकिंग व भुगतान
- स्टार्टअप व उद्यमिता
- टेक्नोलॉजी
- विज्ञान व अनुसंधान
- पर्यावरण
- मौसम
- आपदा व आपातकाल
- स्वास्थ्य
- फिटनेस व वेलनेस
- शिक्षा
- नौकरी व करियर
- कृषि
- ग्रामीण विकास
- परिवहन
- दुर्घटना व सुरक्षा
- ऑटोमोबाइल व ईवी
- खेल
- मनोरंजन
- धर्म व अध्यात्म
- समाज व सामाजिक मुद्दे
- लाइफस्टाइल
- यात्रा व पर्यटन
- जन सेवा व अलर्ट
- जांच व विशेष रिपोर्ट
- प्रतियोगी परीक्षाएँ
- खेल (अन्य)
Choose Location
Current:
India
Country: India
Selected State: None
5.5 तीव्रता का भूकंप
बांग्लादेश केंद्र, कुछ सेकंड तक झटके महसूस हुए शहरभर
कोलकाता सहित पूर्वी क्षेत्र में भूकंप के तेज झटके, दहशत में लोग इमारतों से बाहर निकले
27 Feb 2026, 02:16 PM
West Bengal
-
Kolkata
Reporter :
Mahesh Sharma
Kolkata
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता और आसपास के इलाकों में शुक्रवार को भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में अचानक दहशत फैल गई। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 5.5 दर्ज की गई। झटके महसूस होते ही लोग घबराकर अपने घरों और दफ्तरों से बाहर निकल आए और सुरक्षित स्थानों पर इकट्ठा हो गए। हालांकि शुरुआती जानकारी के अनुसार किसी बड़े नुकसान या जनहानि की खबर सामने नहीं आई है।
भूकंप के झटके कुछ सेकंड तक महसूस किए गए, लेकिन ऊंची इमारतों और बहुमंजिला अपार्टमेंट में रहने वाले लोगों ने झटकों को ज्यादा तेज बताया। कई इलाकों में लोगों ने बताया कि अचानक जमीन हिलने जैसी स्थिति बनी और घरों में रखे सामान भी हिलने लगे। कार्यालयों में काम कर रहे कर्मचारी भी एहतियात के तौर पर इमारतों से बाहर निकल आए।
प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार भूकंप का केंद्र बांग्लादेश क्षेत्र में स्थित था, जो कोलकाता से लगभग 100 किलोमीटर उत्तर दिशा में बताया जा रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक भूकंप की गहराई करीब 10 किलोमीटर दर्ज की गई, जिसके कारण झटके व्यापक क्षेत्र में महसूस किए गए। भूकंप की तीव्रता मध्यम स्तर की मानी जा रही है, लेकिन शहरी क्षेत्रों में इसका प्रभाव अधिक महसूस हुआ।
प्रशासन ने भूकंप के बाद स्थिति पर नजर बनाए रखी है और आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत संबंधित विभाग को सूचित करें। आपदा राहत दलों को भी तैयार रखा गया है ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत सहायता पहुंचाई जा सके।
भूकंप वैज्ञानिकों के अनुसार धरती की सतह के नीचे मौजूद टेक्टोनिक प्लेटों की हलचल के कारण इस प्रकार के भूकंप आते हैं। जब ये प्लेटें आपस में टकराती या खिसकती हैं तो ऊर्जा का उत्सर्जन होता है, जिससे भूकंपीय तरंगें पैदा होती हैं और जमीन हिलने लगती है। पूर्वोत्तर भारत और उसके आसपास के क्षेत्र भूकंप के लिहाज से संवेदनशील माने जाते हैं, इसलिए यहां समय-समय पर झटके महसूस किए जाते हैं।
भूकंप के बाद शहर में कुछ समय तक भय और अनिश्चितता का माहौल बना रहा, लेकिन स्थिति सामान्य होने पर लोग धीरे-धीरे अपने घरों और कार्यस्थलों पर लौट आए। प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षा उपायों का पालन करने की अपील की है। यह घटना एक बार फिर प्राकृतिक आपदाओं के प्रति तैयार रहने की आवश्यकता को रेखांकित करती है।
भूकंप के झटके कुछ सेकंड तक महसूस किए गए, लेकिन ऊंची इमारतों और बहुमंजिला अपार्टमेंट में रहने वाले लोगों ने झटकों को ज्यादा तेज बताया। कई इलाकों में लोगों ने बताया कि अचानक जमीन हिलने जैसी स्थिति बनी और घरों में रखे सामान भी हिलने लगे। कार्यालयों में काम कर रहे कर्मचारी भी एहतियात के तौर पर इमारतों से बाहर निकल आए।
प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार भूकंप का केंद्र बांग्लादेश क्षेत्र में स्थित था, जो कोलकाता से लगभग 100 किलोमीटर उत्तर दिशा में बताया जा रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक भूकंप की गहराई करीब 10 किलोमीटर दर्ज की गई, जिसके कारण झटके व्यापक क्षेत्र में महसूस किए गए। भूकंप की तीव्रता मध्यम स्तर की मानी जा रही है, लेकिन शहरी क्षेत्रों में इसका प्रभाव अधिक महसूस हुआ।
प्रशासन ने भूकंप के बाद स्थिति पर नजर बनाए रखी है और आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत संबंधित विभाग को सूचित करें। आपदा राहत दलों को भी तैयार रखा गया है ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत सहायता पहुंचाई जा सके।
भूकंप वैज्ञानिकों के अनुसार धरती की सतह के नीचे मौजूद टेक्टोनिक प्लेटों की हलचल के कारण इस प्रकार के भूकंप आते हैं। जब ये प्लेटें आपस में टकराती या खिसकती हैं तो ऊर्जा का उत्सर्जन होता है, जिससे भूकंपीय तरंगें पैदा होती हैं और जमीन हिलने लगती है। पूर्वोत्तर भारत और उसके आसपास के क्षेत्र भूकंप के लिहाज से संवेदनशील माने जाते हैं, इसलिए यहां समय-समय पर झटके महसूस किए जाते हैं।
भूकंप के बाद शहर में कुछ समय तक भय और अनिश्चितता का माहौल बना रहा, लेकिन स्थिति सामान्य होने पर लोग धीरे-धीरे अपने घरों और कार्यस्थलों पर लौट आए। प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षा उपायों का पालन करने की अपील की है। यह घटना एक बार फिर प्राकृतिक आपदाओं के प्रति तैयार रहने की आवश्यकता को रेखांकित करती है।
ADVERTISEMENT
Sponsored
More News
टी20 विश्व कप के बीच क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता का निधन, परिवार में शोक
February 27, 2026
सर्जरी के दौरान दर्द से जूझीं टीवी अभिनेत्री दीपिका कक्कड़, सफल ऑपरेशन के बाद धीरे-धीरे स्वस्थ हो रहीं
February 27, 2026
झारखंड नगर निकाय चुनाव परिणाम तय करेंगे शहरी राजनीति में किस दल का प्रभाव बढ़ेगा
February 27, 2026
होली 2026 पर चंद्र ग्रहण का प्रभाव, प्रेमानंद महाराज ने बताए सावधानी और उपाय
February 27, 2026
तीन मोर्चों पर बढ़ा दबाव, पाक सेना प्रमुख आसिम मुनीर की चुनौतियां हुईं गंभीर
February 27, 2026
शराब नीति मामले में राहत मिलने पर अरविंद केजरीवाल भावुक, आरोपों को बताया पूरी तरह निराधार
February 27, 2026
जेएनयू में छात्र प्रदर्शन ने पकड़ा जोर, मार्च को लेकर पुलिस और विद्यार्थियों में टकराव हुआ
February 27, 2026
छोटी फिल्मों को दर्शक नहीं मिल रहे, अभिनेता आदर्श गौरव ने जताई निराशा और उम्मीद
February 27, 2026
अफगान संघर्ष के बीच पाकिस्तानी लड़ाकू विमान गिराने के दावों पर सोशल मीडिया में चर्चा तेज
February 27, 2026
अफगानिस्तान को कड़ी चेतावनी पाक रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने संघर्ष तेज होने संकेत दिए
February 27, 2026
ADVERTISEMENT
Sponsored
Open
Loading more…